बिहार की राजनीति में आज उस वक्त सियासी तापमान बढ़ गया, जब विधानमंडल के दोनों सदनों में हंगामे के बीच विपक्ष ने सरकार को कानून-व्यवस्था के मुद्दे पर घेर लिया। विधानसभा और विधान परिषद—दोनों जगह सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच तीखी नोकझोंक देखने को मिली।
पटना के फुलवारीशरीफ में छात्रा की संदिग्ध मौत का मामला तूल पकड़ता जा रहा है। इसी मुद्दे को लेकर Rabri Devi के नेतृत्व में विपक्षी सदस्यों ने विधान परिषद के बाहर जोरदार प्रदर्शन किया और सरकार के खिलाफ नारेबाजी की। राबड़ी देवी ने आरोप लगाया कि छात्रा को छत से नीचे फेंका गया है और सरकार इस मामले में गंभीरता नहीं दिखा रही। उन्होंने कहा कि अपराधियों की जल्द से जल्द गिरफ्तारी होनी चाहिए और पीड़ित परिवार को न्याय मिलना चाहिए।
राबड़ी देवी ने डिप्टी सीएम सम्राट चौधरी पर भी निशाना साधते हुए कहा कि वे 24 घंटे में अपराधियों को पकड़ने और सजा दिलाने की बात करते हैं, यहां तक कि इस्तीफा देने की भी घोषणा करते हैं, लेकिन अब तक ऐसा कुछ नहीं हुआ। उन्होंने भोजपुरी में तंज कसते हुए कहा—“क्राइम कहां रूकतावे, रोकने वाला कहां कोई है?”
वहीं Abdul Bari Siddiqui ने सदन के भीतर सरकार पर हमला बोलते हुए कहा कि राज्य में अपराध की घटनाएं लगातार बढ़ रही हैं। उन्होंने सवाल उठाया कि रामराज और जंगलराज में आखिर फर्क क्या रह गया है। उनके मुताबिक हत्या, लूट, डकैती और अपहरण की घटनाएं थमने का नाम नहीं ले रही हैं और सरकार अपराध नियंत्रण में पूरी तरह विफल साबित हो रही है।
इस पूरे घटनाक्रम ने बिहार की सियासत को गरमा दिया है और अब सबकी नजर सरकार की अगली कार्रवाई पर टिकी है।