झारखंड में ठंड ने अपने तेवर और तीखे कर लिए हैं। राज्य के कई हिस्सों में शीतलहर का असर साफ तौर पर महसूस किया जा रहा है और न्यूनतम तापमान सामान्य से काफी नीचे चला गया है। मकर संक्रांति की सुबह 10 बजे तक गुमला राज्य का सबसे ठंडा जिला रिकॉर्ड किया गया, जहां न्यूनतम तापमान 1 डिग्री सेल्सियस से भी नीचे पहुंच गया।
मौसम विज्ञान केंद्र के मुताबिक, फिलहाल अगले तीन दिनों तक न्यूनतम तापमान में किसी बड़े बदलाव के आसार नहीं हैं। हालांकि, इसके बाद तापमान में धीरे-धीरे सुधार देखने को मिल सकता है और अगले दो दिनों में पारा 2 से 3 डिग्री सेल्सियस तक बढ़ने की संभावना जताई गई है।

मौसम विभाग ने बताया कि गढ़वा, पलामू, चतरा, लातेहार, हजारीबाग, लोहरदगा, गुमला, रामगढ़, बोकारो, रांची, खूंटी, सिमडेगा और पश्चिमी सिंहभूम जैसे जिलों में अलग-अलग इलाकों में शीतलहर का प्रभाव बना रहेगा।
ठंड को देखते हुए मौसम विभाग ने लोगों से सतर्क रहने की अपील की है। खासकर सुबह और शाम के समय अतिरिक्त सावधानी बरतने की सलाह दी गई है। बच्चों, बुजुर्गों और पहले से बीमार लोगों को ठंड से बचाने के लिए पर्याप्त गर्म कपड़े पहनने और अनावश्यक रूप से ठंड के संपर्क में आने से बचने को कहा गया है।