बिहार में नए साल की शुरुआत कड़ाके की ठंड और घने कोहरे के साथ हुई है। प्रदेश के लगभग सभी हिस्सों में ठंडी पछुआ हवाओं ने जनजीवन को बुरी तरह प्रभावित किया है। सुबह और रात के समय हाड़ कंपा देने वाली ठंड महसूस की जा रही है, वहीं घने कोहरे के कारण सड़कों पर आवाजाही भी बेहद मुश्किल हो गई है।
समस्तीपुर इस समय रिकॉर्ड तोड़ ठंड की चपेट में है। जिले का न्यूनतम तापमान 3.8 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया है, जो सामान्य से करीब 5.9 डिग्री कम है। वहीं गया में न्यूनतम तापमान 6.3 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया है। इसके अलावा औरंगाबाद और अरवल में भी तापमान 6.6 डिग्री सेल्सियस तक गिर गया है।
राजधानी पटना समेत जहानाबाद, बेगूसराय, भागलपुर, खगड़िया और कुल 10 जिलों में घना कोहरा छाया हुआ है। कई जगहों पर विजिबिलिटी 10 मीटर से भी कम दर्ज की गई है, जिससे रेल और सड़क यातायात प्रभावित हो रहा है। सुबह के समय वाहनों की रफ्तार थमी हुई नजर आई और लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा।
मौसम विज्ञान केंद्र ने आज शुक्रवार को बिहार के सभी 38 जिलों में कोहरा और कोल्ड-डे को लेकर ऑरेंज अलर्ट जारी किया है। विभाग के अनुसार, ठंडी हवाओं के चलते दिन के तापमान में भी खास बढ़ोतरी नहीं होगी, जिससे दिनभर ठंड का असर बना रहेगा।
मौसम विभाग का कहना है कि 5 जनवरी तक ठंड से राहत मिलने की कोई उम्मीद नहीं है। इस दौरान कई जिलों में न्यूनतम तापमान में 2 से 3 डिग्री सेल्सियस तक और गिरावट दर्ज की जा सकती है। पिछले 24 घंटों में सीवान प्रदेश का सबसे ठंडा जिला रहा, जहां न्यूनतम तापमान 5.8 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया।
प्रशासन ने लोगों से सतर्क रहने, अनावश्यक यात्रा से बचने और ठंड से बचाव के सभी जरूरी उपाय अपनाने की अपील की है।