बिहार में होली का त्योहार जहां रंग, उमंग और भाईचारे का संदेश देता है, वहीं प्रशासन के लिए यह कड़ी परीक्षा का समय भी होता है। इस बार Nitish Kumar की सरकार और बिहार पुलिस ने साफ कर दिया है कि होली पर किसी भी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। ‘जीरो टॉलरेंस’ की नीति के तहत राजधानी Patna के 94 संवेदनशील पॉइंट्स सहित पूरे जिले में 600 से अधिक स्थानों पर मजिस्ट्रेट और पुलिस बल की तैनाती कर दी गई है।
जिलाधिकारी डॉ. त्यागराजन एसएम ने स्पष्ट शब्दों में कहा है कि शराब के अवैध भंडारण, बिक्री या सेवन करने वालों के खिलाफ सीधे जेल भेजने वाली कार्रवाई की जाएगी। इसके लिए शहर में लगातार पैट्रोलिंग की जा रही है। संवेदनशील इलाकों में विशेष गश्त के आदेश दिए गए हैं और संदिग्ध गतिविधियों पर तुरंत कार्रवाई के निर्देश जारी किए गए हैं।
सुरक्षा व्यवस्था को और मजबूत करने के लिए इस बार ड्रोन और सीसीटीवी कैमरों से निगरानी की जाएगी। डीएम ने अधिकारियों को निर्देश दिया है कि ड्रोन और कैमरों की फुटेज की रियल-टाइम मॉनिटरिंग हो, ताकि किसी भी हुड़दंग या असामाजिक गतिविधि पर तुरंत काबू पाया जा सके। साथ ही, सोशल मीडिया मॉनिटरिंग सेल को भी सक्रिय कर दिया गया है, ताकि किसी भी तरह की अफवाह को फैलने से पहले ही रोका जा सके।
होलिका दहन यानी अगजा को लेकर भी प्रशासन ने सख्त एडवाइजरी जारी की है। इस बार होलिका की ऊंचाई 10 फीट से अधिक रखने पर रोक लगाई गई है। आगजनी की घटनाओं से बचाव के लिए निर्देश दिया गया है कि होलिका को बिजली के तारों के नीचे न जलाया जाए और आयोजन स्थल पर कम से कम 1000 लीटर पानी की व्यवस्था अनिवार्य रूप से की जाए।
किसी भी अप्रिय घटना से निपटने के लिए अस्पतालों में विशेष मेडिकल टीमें तैनात की गई हैं। बिजली, आग या सुरक्षा से जुड़ी किसी भी समस्या के लिए जिला नियंत्रण कक्ष का नंबर 0612-2219810 और डायल-112 की सेवा 24 घंटे सक्रिय रहेगी।
प्रशासन का संदेश बिल्कुल साफ है—होली को हंसी-खुशी और सौहार्द के साथ मनाएं, लेकिन कानून और सुरक्षा नियमों का पालन जरूर करें। रंगों का यह त्योहार सुरक्षित और शांतिपूर्ण माहौल में मनाया जाए, ताकि किसी भी तरह की घटना से होली का रंग फीका न पड़े।